दिनचर्या
दिन का एक सौम्य ढाँचा
सुबह, दोपहर और शाम के छोटे, वैकल्पिक पल। जो ठीक लगे वह चुनें, बाकी छोड़ दें।
केवल इसी डिवाइस पर सहेजा जाता है। हर दिन नए सिरे से शुरू होता है।
आपकी प्रगति लोड हो रही है…
सुबह
0/5दोपहर
0/3शाम
0/3एक मिनट की साँस
धीमी, बराबर साँस प्राणायाम की एक सरल शुरुआत है। गोले को देखें: साँस लेते समय वह बड़ा होता है और छोड़ते समय छोटा। न आवाज़, न साइन-अप।
चक्कर आए या साँस फूले तो रुक जाएँ और सामान्य रूप से साँस लें।
जब आप तैयार हों
60 सेकंड बाकी
पाँच सेकंड साँस अंदर, पाँच सेकंड बाहर, एक मिनट तक।
दिन की प्रार्थनाएँ
छोटे श्लोक जो कई परिवार जागते समय, भोजन से पहले और दीया जलाते समय बोलते हैं।